लम्हों का सफ़र

735. हथेली गरम-गरम

हथेली गरम-गरम ******* रात हो मतवाली-सी   सपने पके नरम-नरम   सुबह हो प्यारी-सी   दिन हो रेशम-रेशम   मन में चाहे ढेरों संशय   रस्ता दिखे सुगम-सुग...
clicks 38  Vote 0 Vote  12:27am 12 Oct 2021

734. कुछ क्षणिकाएँ (8 क्षणिका)

कुछ क्षणिकाएँ ( 8 क्षणिका) *******1.नाजुक टहनी *******हम सपने बीनते रहे   जो टूटकर गिरे थे   आसमान की शाखों से   जिसे बुनकर हम ओढ़ा आए थे   आसमान को कभ...
clicks 75  Vote 0 Vote  2:04am 2 Sep 2021

733. पापा

पापा ******* ख़ुशियों में रफ़्तार है इक   सारे ग़म चलते रहे   तुम्हारे जाने के बाद भी   यह दुनिया चलती रही और हम चलते रहे   जीवन का बहुत लम्बा सफ़र त...
clicks 53  Vote 0 Vote  12:25am 18 Jul 2021

730. योग

 योग ******* जीवन जीना सरल बहुत   अगर समझ लें लोग   करें सदा मनोयोग से   हर दिन थोड़ा योग।   हजारों सालों की विद्या   क्यों लगती अब ढोंग   आ...
clicks 55  Vote 0 Vote  11:06pm 21 Jun 2021

729. ओ पापा!

ओ पापा! ******* ओ पापा!   तुम गए   साथ ले गए   मेरा आत्मबल   और छोड़ गए मेरे लिए   पथरीले रास्ते   जिसपर चलकर   मेरा पाँव ही नहीं मन भी   ...
clicks 54  Vote 0 Vote  3:05pm 20 Jun 2021

728. एक गुलमोहर का इन्तिज़ार है

एक गुलमोहर का इन्तिज़ार है ******* उम्र के सारे वसंत वार दिए   रेगिस्तान में फूल खिला दिए   जद्दोजहद चलती रही एक अदद घर की   रिश्तों को सँवारने की ...
clicks 75  Vote 0 Vote  12:53am 18 Jun 2021

727. स्मृति में तुम

स्मृति में तुम (11 हाइकु)*******1. स्मृति में तुम   जैसे फैला आकाश   सुवासित मैं।   2. क्षणिक प्रेम   देता बड़ा आघात   रोता है मन।   3. अधूरी च...
clicks 115  Vote 0 Vote  6:42pm 14 Jun 2021

726. पुनर्जीवित

पुनर्जीवित ******* मैं पुनर्जीवित होना चाहती हूँ   अपने मन का करना चाहती हूँ   छूटते संबंध टूटते रिश्ते   वापस पाना चाहती हूँ   वह सब जो निषेध ...
clicks 86  Vote 0 Vote  11:48pm 9 Jun 2021

725. पर्यावरण (20 हाइकु)

पर्यावरण (20 हाइकु) ******* 1. द्रौपदी-धरा   दुशासन मानव   चीर हरण।   2. पाँचाली-सी भू   कन्हैया भेजो वस्त्र   धरा निर्वस्त्र।   3. पेड़ ढक...
clicks 98  Vote 0 Vote  11:24pm 5 Jun 2021

724. जीने का करो जतन

जीने का करो जतन ******* काँटों की तक़दीर में, नहीं होती कोई चुभन   दर्द है फूलों के हिस्से, मगर नहीं देते जलन।   शमा तो जलती है हर रात, ग़ैरों के लिए   ख़...
clicks 81  Vote 0 Vote  10:00pm 4 Jun 2021
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