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यही तो मेरा हासिल हैं

गज़ल                                                                                                          सुबह ...
clicks 20  Vote 0 Vote  2:54pm 12 Jan 2018

मुझमें सच्चाईयों के कांटें हैं

ग़ज़लआसमानों से दूर रहता हूंबेईमानों से दूर रहता हूंवो जो मिल-जुलके बेईमानी करेंख़ानदानों से दूर रहता हूंअसलियत को जो छुपाना चाहेंउन फ़सानों से दूर रहता...
clicks 27  Vote 0 Vote  9:55pm 4 Jan 2018

पत्थरों से न करो बोर किसी पागल को

 ग़ज़लये शख़्स कितना पुराना है, बुहारो कोईअभी भी चांद पे बैठा है, उतारो कोईदिलो-दिमाग़ में उलझा है, उलझाता हैइसकी सच्चाई में सलवट है, सुधारो कोईपत्थरों से न ...
clicks 4  Vote 0 Vote  4:44pm 23 Dec 2017

इंसान बनाम बेईमान

पहले वे यहूदियों के लिए आएमैं वहां नहीं मिलाक्योंकि मैं यहूदी नहीं थाफिर वे वामपंथियों के लिए आएमैं उन्हें नहीं मिलाक्योंकि मैं वामपंथी नहीं थावे अब स...
clicks 10  Vote 0 Vote  4:17pm 22 Sep 2017

फिर ख़रीदी तुमने मेरी ई-क़िताब

ग़ज़लें1.फिर ख़रीदी तुमने मेरी ई-क़िताबमुझको ख़ुदसे रश्क़ आया फिर जनाब06-09-2017वाह और अफ़वाह में ढूंढे है राहमुझको तो चेहरा तेरा लगता नक़ाबजिसने रट रक्खे बुज़ंुर्ग...
clicks 11  Vote 0 Vote  1:32pm 7 Sep 2017

फ़ालतू

नया हास्य                                                                                                           &nb...
clicks 12  Vote 0 Vote  1:05pm 14 Jul 2017

हमीं से भीड़ बनती है हमीं पड़ जाते हैं तन्हा

ग़ज़लभीड़ जब ताली देती है हमारा दिल उछलता हैभीड़ जब ग़ाली देती है हमारा दम निकलता हैहमीं सब बांटते हैं भीड़ को फिर एक करते हैंकभी नफ़रत निकलती है कभी मतलब निकलत...
clicks 18  Vote 0 Vote  1:14pm 27 Jun 2017

महापुरुष और बड़े

व्यंग्यमहापुरुषों को मैं बचपन से ही जानने लगा था। 26 जनवरी, 15 अगस्त और अन्य ऐसेे त्यौहारों पर स्कूलों में जो मुख्य या विशेष अतिथि आते थे, हमें उन्हींको महा...
clicks 38  Vote 0 Vote  4:47pm 12 Mar 2017

प्रकाशित संपादकों के लिए एक अप्रकाशित व्यंग्य

परसों जब मैं अपने ब्लॉग नास्तिक TheAtheistकी अपनी एक पोस्ट ‘मनुवाद, इलीटवाद और न्याय’ के पृष्ठ पर गया तो देखा कि उसमें पाठकों के सवालों व राजेंद्र यादव के जवाबो...
clicks 31  Vote 0 Vote  5:39pm 17 Feb 2017

इस मुसीबत का क्या किया जाए

ग़ज़ल                                                                                    इस मुसीबत का क्या किया जाएबात करने न...
clicks 37  Vote 0 Vote  12:38pm 4 Feb 2017
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